कोरबा। एसईसीएल गेवरा खदान में सुरक्षा व्यवस्था पर एक बार फिर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। बीती रात खुसरुडीह पंप शेड में केबल चोरी की कोशिश के दौरान अज्ञात बदमाशों ने दो पंप ऑपरेटरों पर जानलेवा हमला कर दिया।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, देर रात करीब 4 से 5 अज्ञात व्यक्ति पंप शेड में घुसकर केबल काटने का प्रयास कर रहे थे। इसी दौरान ड्यूटी पर मौजूद पंप ऑपरेटर मोहन सिंह और दुलार साय ने उन्हें रोकने की कोशिश की।
आरोप है कि पकड़े जाने के डर से बदमाशों ने दोनों कर्मचारियों पर हमला कर दिया और उनके साथ जमकर मारपीट की। इस हमले में दोनों पंप ऑपरेटर गंभीर रूप से घायल हो गए।
घटना के बाद सहकर्मियों ने तत्परता दिखाते हुए दोनों घायलों को आधी रात में नेहरू शताब्दी चिकित्सालय, गेवरा में भर्ती कराया, जहां उनका इलाज जारी है।
बताया जा रहा है कि हमलावरों ने कर्मचारियों के मोबाइल फोन भी छीनकर फेंक दिए, ताकि घटना की सूचना तत्काल बाहर न जा सके और वे आसानी से फरार हो सकें।
इस घटना ने खदान क्षेत्र की सुरक्षा व्यवस्था की पोल खोलकर रख दी है। जहां एक ओर प्रबंधन और केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (CISF) द्वारा सुरक्षा के बड़े-बड़े दावे किए जाते हैं, वहीं जमीनी हकीकत इससे बिल्कुल उलट नजर आ रही है। कर्मचारियों में यह भी बात आम चर्चा मे है कि सीआईएसएफ के द्वारा सिर्फ बैरियर पर ही कड़ी सुरक्षा नियमों का पालन कराया जता है कर्मचारियों को ही बेवजह परेशान किया जाता है जबकि चोर आसानी से खदानों में प्रवेश कर जाते हैं और इस तरह की घटनाओं को अंजाम देकर चले जाते हैं। अब सवाल यह उठता है कि क्या सुरक्षा एजेंसियों को सिर्फ वाहनों के डिक्की चेक करने का जिम्मा है।
बहरहाल स्थानीय कर्मचारियों में घटना को लेकर आक्रोश है और उन्होंने खदान क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने तथा आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी की मांग की है।
फिलहाल मामले की सूचना संबंधित प्रबंधन एवं सुरक्षा एजेंसियों को दे दी गई है, और आगे की कार्रवाई की प्रतीक्षा की जा रही है।

